छत्तीसगढ़ धर्म आज़ादी विधेयक 2026 को कैबिनेट मंजूरी, कई अहम फैसले भी हुए
छत्तीसगढ़ : सरकार ने मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में Chhattisgarh Dharm Azaadi Bill 2026 के ड्राफ्ट को मंजूरी दे दी है। इस विधेयक का उद्देश्य जबरदस्ती, लालच, धोखाधड़ी या गलत जानकारी देकर किए जाने वाले धर्म परिवर्तन पर रोक लगाना है। सरकार अब इस बिल को विधानसभा के बजट सत्र में पेश करने की तैयारी कर रही है।
कैबिनेट बैठक के बाद डिप्टी मुख्यमंत्री अरुण साव ने बताया कि Chhattisgarh Dharm Azaadi Bill 2026 राज्य में पारदर्शिता और कानूनी प्रक्रिया को मजबूत करने के उद्देश्य से लाया जा रहा है। इसके साथ ही कैबिनेट ने 13 ऐसे मामलों को वापस लेने का निर्णय लिया है, जो राजनीतिक विरोध से जुड़े हुए थे।
बैठक में ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले भी लिए गए। गैर-पारंपरिक ऊर्जा परियोजनाओं और प्लांट्स के लिए ग्रांट रेट और सब्सिडी के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इसके तहत 2 से 6 क्यूबिक मीटर क्षमता वाले घरेलू बायोगैस प्लांट लगाने पर प्रति यूनिट 9,000 रुपये की सब्सिडी दी जाएगी। इससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
इसके अलावा कैबिनेट ने कई अन्य महत्वपूर्ण विधेयकों के ड्राफ्ट को भी मंजूरी दी। इनमें छत्तीसगढ़ टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (संशोधन) बिल 2026 और छत्तीसगढ़ हाउसिंग बोर्ड एक्ट (संशोधन) बिल 2026 शामिल हैं। साथ ही छत्तीसगढ़ स्टाफ सिलेक्शन बोर्ड बिल 2026 को भी मंजूरी दी गई है, जिसके तहत ग्रुप C और D के तकनीकी और गैर-तकनीकी पदों के लिए एक नया स्टाफ सिलेक्शन बोर्ड बनाया जाएगा।
इसके साथ ही परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने के लिए पब्लिक रिक्रूटमेंट एंड प्रोफेशनल एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) बिल 2026 को भी मंजूरी मिली है। वहीं प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन पर लगने वाले अतिरिक्त सेस को हटाने के लिए छत्तीसगढ़ सेस (संशोधन) बिल 2026 को भी स्वीकृति दी गई।